टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में पहली बार देखने को मिलेगा ये अनोखा नजारा, भारत तोड़ेगा अंग्रेजों की परंपरा!

नई दिल्ली. टेस्ट क्रिकेट में अभी तक होता ये आया है कि मैच के पहले दिन सुबह टॉस होता है। दो घंटे का खेल होता है और फिर 40 मिनट का ब्रेक होता है, जिसे लंच कहा जाता है। मैच फिर से शुरू होता है तो दो घंटे बाद टी ब्रेक होता है। 20 मिनट के टी ब्रेक के बाद 2 और घंटे का खेल आयोजित किया जाता है और दिन के खेल का अंत होता है। हालांकि, अब ये रवायत इंडिया वर्सेस साउथ अफ्रीका टेस्ट सीरीज के दूसरे मैच के दौरान शायद बदली नजर आए। लंच से पहले हमें टी ब्रेक देखने को मिलेगा और टी ब्रेक की जगह लंच ब्रेक होगा।
दरअसल, इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट की मानें तो गुवाहटी में इंडिया और साउथ अफ्रीका के बीच 22 नवंबर से दो मैचों की टेस्ट सीरीज का दूसरा मुकाबला खेला जाएगा। इस मैच में लंच ब्रेक की जगह टी ब्रेक और टी ब्रेक की जगह लंच ब्रेक देखने को मिलने की पूरी संभावना है। इसका कारण ये है कि भारत के पूर्वी भाग में सूर्योदय और सूर्यास्त जल्दी होता है। मैच की टाइमिंग अभी के लिए साढ़े 9 है, लेकिन इसे 9 बजे किया जा सकता है।
बरसापारा क्रिकेट स्टेडियम में होने वाले इस मैच की टाइमिंग कुछ ऐसी हो सकती है, जिसमें 9 से 11 बजे तक पहला सेशन और 11 से 11 बजकर 20 मिनट तक टी ब्रेक और उसके बाद 11:20 से 1:20 तक दूसरा सेशन और फिर 40 मिनट का लंच ब्रेक, जो 2 बजे तक चलेगा। इसके बाद 2 से 4 बजे तक तीसरे सेशन का खेल आयोजित होगा। बोर्ड के एक सूत्र ने बताया, “टी ब्रेक जल्दी कराने का कारण यह है कि गुवाहाटी में सूर्यास्त जल्दी हो जाता है और खेल भी जल्दी शुरू होता है। यह पहली बार होगा जब हमने टी ब्रेक के सत्र में बदलाव करने का फैसला किया है, क्योंकि इससे मैदान पर अतिरिक्त खेल समय मिलने में समय की बचत होगी।”
परंपरागत रूप से, भारत में टेस्ट मैच सुबह 9:30 बजे शुरू होते हैं और पहला सेशन साढ़े 11 बजे तक चलता है। इसके बाद 40 मिनट का लंच ब्रेक (11:30 से 12:10 बजे) होता है, जिसके बाद दूसरा सत्र शुरू होता है। 12:10 से 2:10 तक दूसरा सेशन चलता है। इसके बाद दोनों टीमें 20 मिनट का चाय ब्रेक (दोपहर 2:10 से 2:30 बजे) लेती हैं, जिसके बाद 2:30 से 4:30 बजे तक तीसरा सत्र होता है। मैच अधिकारी टीम को प्रतिदिन 90 ओवर पूरे करने के लिए आधे घंटे का अतिरिक्त समय दे सकते हैं। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई और साउथ अफ्रीका क्रिकेट बोर्ड इसके लिए सहमत हो गए हैं।
अलग-अलग होती है टाइमिंग
दिन का खेल शुरू होने का समय अलग-अलग देशों में अलग-अलग हो सकता है, क्योंकि हर देश की टाइमिंग अलग है और वहां सनराइज और सनसेट का टाइम भी अलग होता है। उदाहरण के तौर पर इंग्लैंड में गर्मियों के लंबे दिन होने के कारण वे अपना टेस्ट मैच सुबह 11 बजे शुरू करते हैं। हालांकि, ज्यादातर टीमें टेस्ट मैचों के दौरान पारंपरिक लंच के बाद टी ब्रेक का पालन करती हैं। ऐसी परंपरा इंग्लैंड से ही शुरू हुई थी, क्योंकि वहां पहला सेशन एक बजे खत्म होता है तो वहां लंच ब्रेक होता था। इसे अब खत्म करने की ओर एक कदम बढ़ाया जा रहा है।




