युवाओं के दबाव में झुकी मोदी सरकार, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लोकतंत्र की जीत – उत्तम जायसवाल

रायपुर। आम आदमी पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने केन्द्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर कहा है कि यह नैतिकता के आधार पर नहीं बल्कि देशभर में उभरे युवाओं के व्यापक विरोध और जनदबाव का परिणाम है।
दिल्ली के जंतर-मंतर से लेकर देश के लगभग हर बड़े शहर में पिछले कई दिनों से चल रहे प्रदर्शनों ने नरेंद्र मोदी सरकार को बैकफुट पर ला दिया था।
उन्होंने आरोप लगाया कि 20 जुलाई को शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर फर्जी पुलिस और फर्जी आरएएफ के नाम पर लाठीचार्ज किया गया, जिसने युवाओं के आक्रोश को और भड़का दिया।
इस घटना के बाद पूरे देश में विरोध और तेज हो गया, जिससे केंद्र सरकार पर लगातार दबाव बढ़ता गया।
उन्होंने कहा कि अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी शुरू से ही इस मुद्दे को मजबूती से उठा रही थी। पार्टी द्वारा देशभर में कई स्थानों पर प्रदर्शन कर धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की गई थी। अंततः मोदी सरकार को युवाओं के सामने झुकना पड़ा और धर्मेंद्र प्रधान को पद छोड़ना पड़ा।
उन्होंने अपने बयान में कहा कि यह इस्तीफा इस बात का स्पष्ट संकेत है कि लोकतंत्र में जनता की आवाज को लंबे समय तक दबाया नहीं जा सकता। युवाओं की एकजुटता और संघर्ष ने यह साबित कर दिया कि जब जनता संगठित होती है, तो सत्ता को जवाब देना ही पड़ता है। यह लोकतंत्र की जीत है। यह सिर्फ एक व्यक्ति के इस्तीफे का मामला नहीं, बल्कि देश के युवाओं की ताकत और उनके अधिकारों की जीत है। आप ने मांग की है कि सरकार अब युवाओं की समस्याओं का स्थायी समाधान निकाले और भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।




