
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव तथा युद्ध के शांतिपूर्ण समाधान को लेकर बनी अनिश्चितता के बीच गुरुवार, 10 सितंबर को घरेलू रिटेल बाजार में सोने की कीमतों में मामूली नरमी देखने को मिली। 24 कैरेट और 22 कैरेट सोने के भाव में हल्की गिरावट रही। वहीं चांदी की कीमतों में भी कमजोरी दर्ज की गई।
घरेलू वायदा बाजार में गुरुवार सुबह MCX पर सोना 0.03 प्रतिशत की गिरावट के साथ 1,54,240 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। इसी दौरान चांदी का फ्यूचर 0.49 प्रतिशत टूटकर 2,42,820 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गया।
प्रमुख शहरों में सोने-चांदी के दाम
रिटेल बाजार में 24 कैरेट सोने को सबसे शुद्ध माना जाता है, जबकि 22 कैरेट सोने का इस्तेमाल मुख्य रूप से आभूषण बनाने में किया जाता है। 10 सितंबर को प्रमुख शहरों में कीमतें इस प्रकार रहीं—
नई दिल्ली: 24 कैरेट ₹1,53,610 और 22 कैरेट ₹1,40,809 प्रति 10 ग्राम। चांदी ₹2,41,860 प्रति किलोग्राम।
मुंबई: 24 कैरेट ₹1,53,880 और 22 कैरेट ₹1,41,057 प्रति 10 ग्राम। चांदी ₹2,42,470 प्रति किलोग्राम।
कोलकाता: 24 कैरेट ₹1,53,670 और 22 कैरेट ₹1,41,277 प्रति 10 ग्राम। चांदी ₹2,42,660 प्रति किलोग्राम।
हैदराबाद: 24 कैरेट ₹1,54,120 और 22 कैरेट ₹1,41,277 प्रति 10 ग्राम। चांदी ₹2,42,660 प्रति किलोग्राम।
चेन्नई: 24 कैरेट ₹1,54,470 प्रति 10 ग्राम। चांदी ₹2,42,990 प्रति किलोग्राम।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना मजबूत
घरेलू बाजार में मामूली गिरावट के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में तेजी देखने को मिली। डॉलर में कमजोरी और अमेरिका के महंगाई संबंधी महत्वपूर्ण आंकड़ों को लेकर निवेशकों की नजर के कारण सोने को समर्थन मिला।
स्पॉट गोल्ड 1.5 प्रतिशत बढ़कर 4,418.71 डॉलर प्रति औंस पहुंच गया, जबकि दिसंबर डिलीवरी वाला अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स 0.6 प्रतिशत की बढ़त के साथ 4,464.30 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया।
ईरान तनाव का भी बाजार पर असर
अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव ने भी वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बढ़ा दी है। रिपोर्टों के मुताबिक, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के शीर्ष सलाहकारों ने उन्हें चेतावनी दी है कि ईरान के साथ संघर्ष उनके मौजूदा कार्यकाल के बाकी समय तक जारी रह सकता है।
ऐसे भू-राजनीतिक तनाव के बीच निवेशक अक्सर सुरक्षित निवेश माने जाने वाले सोने की ओर रुख करते हैं। आने वाले दिनों में अमेरिकी महंगाई के आंकड़े और फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति के संकेत सोने की कीमतों की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।
नोट: सोने-चांदी के खुदरा भाव शहर, ज्वेलर, मेकिंग चार्ज, GST और अन्य शुल्क के कारण अलग-अलग हो सकते हैं।




