छत्तीसगढ़

’सेवा की कहानी’ : ’बच्चों की किलकारी से गूंज रहा है पटेलपारा का आंगनबाड़ी केंद्र’

’अभिसरण से बने नए भवन की सुविधाओं से बढ़ा पालकों का भरोसा’

कोरिया .सेवा के लिए बनाए गए हर भवन में सुरक्षा व्यवस्था के साथ स्वच्छता का बेहद महत्वपूर्ण स्थान है। यह और भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है जब वह केंद्र सीधे नौनिहालों और उनकी माताओं से जुड़ा हुआ हो। ऐसे ही खुशहाल बच्चों की फुलवारी सजाने में पटेलपारा की आंगनबाड़ी का नया भवन एक कारगर माध्यम साबित हो रहा है। पालक कच्चे मकान में संचालित आँगनबाड़ी में बच्चों को भेजने के संकोच से निकलकर सुबह से ही बच्चों को केन्द्र तक लाकर छोड़ते हैं। एक सुंदर सुव्यस्थित भवन बन जाने से बच्चों और गर्भवती महिलाओ को लाभ प्रदान करने की पूरी व्यवस्था में सुधार हो गया है।

कोरिया : ’सेवा की कहानी’ : ’बच्चों की किलकारी से गूंज रहा है पटेलपारा का आंगनबाड़ी केंद्र’

कच्चे भवन में भय का वातावरण
कोरिया जिला मुख्यालय बैकुंठपुर से लगे ग्राम पंचायत कंचनपुर के पटेलपारा में एक मुख्य आंगनबाड़ी केंद्र संचालित किया जा रहा था। केन्द्र का भवन न होने से इसे गांव के ही एक स्थानीय रहवासी के कच्चे मकान में संचालित करने की मजबूरी थी। कच्चे भवन में आंगनबाड़ी केंद्र संचालित होने से इससे जुड़े प्रत्येक बच्चे की सुरक्षा को लेकर उनके पालक हमेशा चिंतित रहते थे। ऐसे में अधिकांश पालक अपने बच्चों को नियमित रूप से आंगनबाड़ी केंद्र भेजने से बचने लगे थे।

असुरक्षा के साथ असुविधा
आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के प्राथमिक शिक्षा का केन्द्र होने के साथ ही उस क्षेत्र में महिलाओं के लिए एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है। महिला एवं बाल विकास विभाग और स्वास्थ्य विभाग द्वारा गर्भवती महिलाओ और शिशुवती महिलाओं के स्वास्थ्य और पोषण से जुड़ी अनेक गतिविधियों का संचालन आंगनबाड़ी केन्द्र के माध्यम से किया जाता है। पटेल पारा में आंगनबाड़ी केन्द्र का भवन न होने से महिलाओं और बच्चों को अनेक विभागीय योजनाओं से लाभान्वित कराने में भी बहुत दिक्कते आ रही थी।

अभिसरण से बनी बात
ग्राम पंचायत कंचनपुर द्वारा पटेलपारा में एक आंगनबाड़ी केंद्र का भवन निर्माण कार्य कराए जाने का प्रस्ताव पारित किया। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग और महिला बाल विकास विभाग द्वारा संचालित अधोसंरचना निर्माण की योजनाओं के अभिसरण से पटेल पारा में आंगनबाड़ी केन्द्र भवन निर्माण कार्य की प्रशासकीय स्वीकृति देकर समय सीमा में यह भवन निर्माण कार्य पूर्ण कराया गया।

योजनाओं से खर्च
पटेलपारा आंगनबाड़ी केन्द्र भवन निर्माण में दो विभागीय योजनाओं से अभिसरण में राशि खर्च की गई। इसमें पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग अंतर्गत संचालित मनरेगा से 11 लाख 69 हजार रुपए तथा महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 3लाख 69 हजार रुपए प्रदान किए गए हैं। निर्माण कार्य के लिए ग्राम पंचायत कंचनपुर को निर्माण एजेंसी बनाया गया।

सुरक्षित बचपन और मातृ शक्ति
केन्द्र की संचालिका श्रीमती पुष्पा ने बताया कि पहले जब आंगनबाड़ी केंद्र किराए के भवन में संचालित होता था तो बच्चों की सुरक्षा, पोषण सामग्री रखने की समस्या के साथ बच्चों के शौचालय के लिए भी बहुत परेशानी उठानी पड़ती थी। पालक भी बच्चों को नियमित भेजने से कतराते थे। बारिश के मौसम में तो केन्द्र का संचालन और भी कठिन था। लेकिन जब से नया व्यवस्थित भवन बना है अब महिलाओं और बच्चों की उपस्थिति बढ़ गई है। स्वच्छ शौचालय होने से अच्छा वातावरण बना है और अब खाद्यान्न रखने में भी बहुत आसानी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button